IST: Monday, 26 October 2026 at 9:01 pm

कृषि तकनीकों को सीखने कुरुक्षेत्र और करनाल जाएंगे सिद्धार्थनगर के किसान, जिलाधिकारी ने दिए योजनाओं के शत-प्रतिशत क्रियान्वयन के निर्देश

सिद्धार्थनगर • 16 Jul 2026, 10:35 pm

कृषि तकनीकों को सीखने कुरुक्षेत्र और करनाल जाएंगे सिद्धार्थनगर के किसान, जिलाधिकारी ने दिए योजनाओं के शत-प्रतिशत क्रियान्वयन के निर्देश
सिद्धार्थनगर। जनपद के किसानों को आधुनिक व वैज्ञानिक तौर-तरीकों से खेती करने में निपुण बनाने के लिए जिला प्रशासन ने एक बड़ा कदम उठाया है। कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को जिलाधिकारी श्री शिवशरणप्पा जीएन की अध्यक्षता एवं मुख्य विकास अधिकारी श्री बलराम सिंह की उपस्थिति में 'नेशनल मिशन ऑन एग्रीकल्चर एक्सटेंशन एंड टेक्नोलॉजी' के 'सब मिशन ऑन एग्रीकल्चर' (आत्मा) योजना के गवर्निंग बोर्ड की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक में किसानों की आय दोगुनी करने और उन्हें उन्नत कृषि तकनीकों से जोड़ने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन (दलहन) घटक, मिलेट्स पुनरोद्धार कार्यक्रम के सभी घटक, सीड मनी रिवाल्विंग फंड, मोबलाइजेशन किसान ग्रुप, नेशनल मिशन ऑन एडिबल ऑयल और वर्ष 2026-27 के लिए आत्मा योजना के अंतर्गत प्राप्त लक्ष्यों पर गहन चर्चा की गई, जिसके बाद समिति द्वारा इन सभी प्रस्तावों को सर्वसम्मति से अनुमोदन दिया गया।जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद के किसानों को नवीनतम कृषि तकनीकों की व्यावहारिक जानकारी देने के लिए उन्हें उत्तर प्रदेश के बाहर देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रशिक्षण के लिए भेजा जाएगा। इसके तहत प्राकृतिक खेती सीखने के लिए किसानों को कुरुक्षेत्र एवं करनाल, काला नमक चावल के अनुसंधान व विकास के लिए 'ईरी' तथा मत्स्य पालन के गुर सीखने के लिए पंतनगर भेजा जाएगा। इसके अतिरिक्त राज्य के भीतर बस्ती एवं अयोध्या में भी किसानों का विशेष प्रशिक्षण कराया जाएगा। जिलाधिकारी ने उप कृषि निदेशक को सख्त निर्देश दिए कि कृषि विभाग की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं में निर्धारित लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति हर हाल में सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि कृषि विभाग द्वारा प्रदर्शन (डेमोस्ट्रेशन) के लिए किसानों को जो उन्नत किस्म के बीज वितरित किए जाते हैं, किसान उनका अनिवार्य रूप से उपयोग कर खेती करें। इसके लिए कृषि विभाग के अधिकारी अपने स्तर से लगातार फील्ड में जाकर किसानों से संपर्क करें और इसे सुनिश्चित कराएं। इस महत्वपूर्ण बैठक के अवसर पर प्रभागीय वनाधिकारी नीला एम, उप कृषि निदेशक राजेश कुमार, जिला कृषि अधिकारी रविशंकर पाण्डेय, जिला उद्यान अधिकारी विमलकान्त, लीड बैंक अधिकारी आर0के0 सिन्हा, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ0 गणेश प्रसाद सहित बड़ी संख्या में प्रगतिशील किसान एवं कृषि व अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।

संबंधित खबरें